17 सितंबर को होगी विशेष ग्राम सभा, पंचायतों में 10-11 विकास योजनाओं का होगा चयन

गया। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए गया जिले की ग्राम पंचायतों में विशेष अभियान के तहत योजनाओं के चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला ग्रामीण विकास अभिकरण, गया की ओर से जारी निर्देश के अनुसार 17 सितंबर 2026 को सभी संबंधित ग्राम पंचायतों में विशेष ग्राम सभा की बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें पंचायत की प्राथमिकता के आधार पर विकास योजनाओं का चयन कर ग्राम सभा से उनका अनुमोदन कराया जाएगा।


जिला ग्रामीण विकास अभिकरण की ओर से 12 सितंबर को जारी पत्र में बताया गया है कि राज्य सरकार के निर्देश के तहत सार्वजनिक परिसंपत्तियों के सुदृढ़ीकरण एवं जनसुविधाओं के उन्नयन के लिए ‘सेवा संकल्प एवं कायाकल्प अभियान’ के तहत ग्राम पंचायत स्तर पर योजनाओं और कार्यों का चयन प्राथमिकता के आधार पर किया जाना है।

हर पंचायत में 10-11 योजनाओं के चयन का निर्देश।

निर्देश के मुताबिक प्रत्येक ग्राम पंचायत में प्राथमिकता के अनुसार लगभग 10 से 11 योजनाओं का चयन किया जाना है। इनमें स्वास्थ्य उपकेंद्रों, विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों के सुदृढ़ीकरण, उन्नयन तथा आवश्यकता के अनुसार नव निर्माण से संबंधित कार्यों को शामिल किया जाएगा।

प्रशासन का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में मौजूद सार्वजनिक संस्थानों और जनसुविधाओं को बेहतर बनाना है, ताकि लोगों को स्थानीय स्तर पर ही आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।

भूमि विवाद की जांच के बाद ही होगा नव निर्माण।

पत्र में नव निर्माण से जुड़ी योजनाओं को लेकर भी स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए गए हैं। ऐसी योजनाओं का चयन करने से पूर्व संबंधित भूमि की उपलब्धता और विवाद रहित होने के संबंध में संबंधित अंचल अधिकारी से प्रमाण-पत्र प्राप्त करना अनिवार्य होगा। यानी जिस जमीन पर निर्माण कार्य प्रस्तावित किया जाएगा, उसके संबंध में पहले यह सुनिश्चित करना होगा कि भूमि उपलब्ध है और उस पर किसी प्रकार का विवाद नहीं है।

17 सितंबर को ग्राम सभा में होगा अनुमोदन।

जिला ग्रामीण विकास अभिकरण ने निर्देश दिया है कि 17 सितंबर को विशेष ग्राम सभा की बैठक आयोजित कर चयनित योजनाओं का ग्राम सभा से निश्चित रूप से अनुमोदन प्राप्त किया जाए। इसके बाद अनुमोदित योजनाओं को अभियान के तहत आगे की कार्रवाई के लिए भेजा जाएगा।

इस संबंध में जारी पत्र की प्रतिलिपि जिला पदाधिकारी, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, सभी अनुमंडल पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी आईसीडीएस, जिला कल्याण पदाधिकारी, कार्यपालक अभियंता लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग सहित संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई है।
प्रशासन के इस निर्देश के बाद अब ग्राम पंचायतों में होने वाली विशेष ग्राम सभा पर नजर रहेगी कि स्थानीय जरूरतों के आधार पर किन योजनाओं को प्राथमिकता दी जाती है और उनका क्रियान्वयन किस स्तर पर होता है।