फतेहपुर में श्रम विभाग की छापेमारी:होटल से 12 वर्षीय बाल श्रमिक रेस्क्यू,संचालक पर केस दर्ज

फतेहपुर। गया जिले के फतेहपुर में शुक्रवार को श्रम विभाग द्वारा की गई कार्रवाई ने पूरे बाजार में हड़कंप ला दिया। लेबर इंस्पेक्टर के नेतृत्व में की गई इस अचानक छापेमारी में कई होटल एवं रेस्टोरेंट संचालक अपनी दुकानें बंद कर भाग खड़े हुए। विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि फतेहपुर क्षेत्र में छोटे बच्चों से गैरकानूनी तरीके से काम करवाया जा रहा है।

श्रम प्रवर्तन अधिकारी ब्रजेश कुमार ने बताया कि जांच टीम ने फतेहपुर बस स्टैंड के पास स्थित एक रेस्टोरेंट में छापेमारी की। जांच के दौरान रेस्टोरेंट में 12 वर्षीय एक नाबालिग बच्चे को काम करते पाया गया, जिसे तत्काल वहां से मुक्त कराया गया। अधिकारी ने बताया कि बच्चे से लंबे समय से श्रम कराया जा रहा था, जबकि बाल श्रम कानून के तहत यह पूरी तरह प्रतिबंधित है।

बच्चे को रेस्क्यू करने के बाद विभागीय अधिकारियों ने उसके परिवार वालों को सूचना देकर उसे अपनी अभिरक्षा में ले लिया। कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद कोर्ट के आदेश के अनुसार बच्चे को औपचारिक रूप से मुक्त किया जाएगा और उसके पुनर्वास की भी व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।

इधर, होटल संचालक के खिलाफ श्रम कानून का उल्लंघन करने पर मामला दर्ज किया गया है। साथ ही उस पर निर्धारित जुर्माना भी लगाया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि फतेहपुर क्षेत्र में नाबालिगों से काम कराने वाले किसी भी प्रतिष्ठान को बख्शा नहीं जाएगा।

छापेमारी के दौरान फतेहपुर पुलिस एसआई मनोज कुमार भी अपनी पुलिस टीम के साथ स्थल पर मौजूद थे, जिससे कार्रवाई शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सकी। श्रम विभाग ने आगे भी ऐसे अभियान चलाने की बात कही है ताकि क्षेत्र में बाल श्रम की प्रथा पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।